Tue 29 Sep 2026
Breaking News Exclusive
“भुजबल बिस्व जितहिं दसकंधर”... तलवार लहराकर गरजा दशानन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के विद्यार्थियों ने सीखे सफलता के मंत्र मां जानकी के जन्मोत्सव पर भावपूर्ण नृत्य की तैयारी, जनकपुरी महिला समिति जुटी रिहर्सल में महाराजा अग्रसेन जयंती पर अग्रसेन वाटिका में होगा विशाल एकता महायज्ञ मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, काले कपड़ों में पहुंचीं महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव संत रविदास जयंती पर तीन दिवसीय समरसता महोत्सव 2 से, संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जी महासभा द्वारा होगा आयोजन प्रथम पूज्य के आशीष से हुआ रामलीला महोत्सव का शुभारंभ, श्रद्धालुओं ने उतारी आरती लुहार गली व्यापार समिति के वार्षिकोत्सव में आठ वरिष्ठ व्यापारी सम्मानित रामबारात के स्वागत को सजेगा शमशाबाद, गांधी चौराहे पर होगी भव्य सजावट रामलीला महोत्सव-2026 की कार्यकारिणी घोषित, प्रवीण बंसल को राम बारात और राहुल शर्मा को श्रृंगार की जिम्मेदारी

सूचना

Pragya News 24 is News Blog to Providing all over News of World.

: शिक्षा के मंदिर बंद, मधुशाला को बढ़ावा, योगी सरकार के खिलाफ आम आदमी पार्टी का जोरदार विरोध प्रदर्शन

Pragya News 24

Tue, Jul 15, 2025
Post views : 155
  • उत्तर प्रदेश सरकार के 27,000 स्कूलों के विलय और 27,000 से अधिक शराब की दुकानें खोलने के फैसले के खिलाफ आम आदमी पार्टी का जोरदार विरोध

आगरा। आम आदमी पार्टी (आप) उत्तर प्रदेश सरकार के उस जनविरोधी फैसले का पुरजोर विरोध करती है, जिसमें 27,000 से अधिक परिषदीय प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों को बंद कर उन्हें अन्य स्कूलों में विलय करने की योजना बनाई गई है। इसके साथ ही, सरकार ने 27, 308 नई शराब की दुकानें खोलने का लाइसेंस जारी किया है, जो बच्चों के भविष्य और समाज की प्रगति के लिए बेहद खतरनाक और शर्मनाक कदम है। इस नीति के खिलाफ आम आदमी पार्टी ने 15 जुलाई 2025 को आगरा के कबीज़ प्राथमिक विद्यालय के सामने एक विशाल विरोध प्रदर्शन आयोजित किया। इस प्रदर्शन में आप नेताओं, कार्यकर्ताओं, शिक्षकों, अभिभावकों और स्थानीय लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

उत्तर प्रदेश सरकार का यह फैसला शिक्षा के अधिकार अधिनियम और बच्चों के मौलिक अधिकारों का खुला उल्लंघन है। शिक्षा का अधिकार अधिनियम, जो यूपीए सरकार द्वारा लागू किया गया था, यह सुनिश्चित करता है कि प्रत्येक बच्चे को एक किलोमीटर के दायरे में स्कूल उपलब्ध हो। लेकिन योगी सरकार का यह कदम न केवल शिक्षा की पहुंच को सीमित कर रहा है, बल्कि गरीब, दलित, पिछड़े और वंचित वर्गों के बच्चों के भविष्य को अंधेरे में धकेल रहा है।

2024 में सरकार ने 27,308 नई शराब की दुकानें खोलने की अनुमति दी, और अब 27,000 से अधिक स्कूलों को बंद करने की योजना बनाई जा रही है। यह एक विडंबना है कि एक तरफ सरकार शिक्षा के मंदिरों को बंद कर रही है, वहीं दूसरी तरफ समाज को नशे की ओर धकेलने का काम कर रही है। क्या यही है सरकार का ‘रामराज्य’? क्या उत्तर प्रदेश के युवाओं को शिक्षित और सशक्त बनाने की जगह शराब और नशे की लत में धकेलना सरकार का लक्ष्य है?

कबीज़ प्राथमिक विद्यालय, आगरा में विरोध प्रदर्शन
आगरा के कबीज़ प्राथमिक विद्यालय के सामने आयोजित विरोध प्रदर्शन में आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सरकार की इस नीति के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की। प्रदर्शन में शामिल लोगों ने ‘मधुशाला नहीं, पाठशाला दो’ और ‘हमें चाहिए कलम और पट्टी, नहीं चाहिए दारू भट्टी’ जैसे नारे लगाए। स्थानीय अभिभावकों और बच्चों ने भी इस प्रदर्शन में हिस्सा लिया और स्कूल बंद करने के फैसले को तुरंत वापस लेने की मांग की।

आप के वरिष्ठ नेता राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा, यह सरकार बच्चों की शिक्षा को नष्ट करने और समाज को नशे की गर्त में धकेलने की साजिश कर रही है। दिल्ली और पंजाब में आम आदमी पार्टी ने सरकारी स्कूलों को विश्वस्तरीय बनाया है, जहां निजी स्कूलों के बच्चे भी पढ़ने आ रहे हैं। लेकिन उत्तर प्रदेश में सरकार शिक्षा के मंदिरों को बंद कर रही है। यह गरीब बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। हम इस फैसले के खिलाफ सड़क से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक लड़ाई लड़ेंगे।

महानगर उपाध्यक्ष प्रांजल भारद्वाज ने बताया उत्तर प्रदेश में पहले से ही एक लाख से अधिक शिक्षक पद खाली हैं। स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं जैसे शौचालय, पीने का पानी और बिजली का अभाव है। इसके बावजूद, सरकार स्कूलों को बंद करने का फैसला ले रही है, जिससे बच्चों को लंबी दूरी तय कर स्कूल जाना पड़ेगा। यह खासकर बालिकाओं के लिए असुरक्षित और मुश्किल होगा, जिससे ड्रॉपआउट दर बढ़ने की आशंका है। इसके अलावा, स्कूल बंद होने से लाखों शिक्षकों, शिक्षामित्रों, रसोइयों और अन्य कर्मचारियों की नौकरियां भी खतरे में पड़ जाएंगी।

आम आदमी पार्टी की मांग
उत्तर प्रदेश सरकार तत्काल 16 जून 2025 के उस शासनादेश को रद्द करे, जिसमें 27,000 स्कूलों के विलय की बात कही गई है।
शिक्षा के अधिकार अधिनियम का सम्मान करते हुए प्रत्येक बच्चे के लिए एक किलोमीटर के दायरे में स्कूल सुनिश्चित किया जाए। स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर करने और बुनियादी सुविधाओं को उपलब्ध कराने के लिए तत्काल कदम उठाए जाएं।
शराब की दुकानों की संख्या बढ़ाने की नीति पर रोक लगाई जाए और समाज को नशामुक्त करने की दिशा में काम किया जाए।

प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी
आम आदमी पार्टी इस जनविरोधी फैसले के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी। अगर सरकार ने यह फैसला वापस नहीं लिया, तो आप पूरे उत्तर प्रदेश में उग्र आंदोलन शुरू करेगी। हम शिक्षकों, अभिभावकों और समाज के हर वर्ग को साथ लेकर इस नीति का विरोध करेंगे। हमारा संदेश स्पष्ट है, हमें चाहिए पाठशाला, नहीं चाहिए मधुशाला।

इस कार्यक्रम में भारी संख्या में सभी आम आदमी पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। मुख्य रूप से वरिष्ठ नेता कपिल बाजपेई, ब्रज प्रांत अध्यक्ष डॉ. हृदेश चौधरी, जिला अध्यक्ष सिद्धार्थ चतुर्वेदी, महानगर अध्यक्ष दिलीप बंसल व अन्य सभी साथी मौजूद रहे।

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन