Thu 01 Oct 2026
Breaking News Exclusive
“भुजबल बिस्व जितहिं दसकंधर”... तलवार लहराकर गरजा दशानन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के विद्यार्थियों ने सीखे सफलता के मंत्र मां जानकी के जन्मोत्सव पर भावपूर्ण नृत्य की तैयारी, जनकपुरी महिला समिति जुटी रिहर्सल में महाराजा अग्रसेन जयंती पर अग्रसेन वाटिका में होगा विशाल एकता महायज्ञ मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, काले कपड़ों में पहुंचीं महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव संत रविदास जयंती पर तीन दिवसीय समरसता महोत्सव 2 से, संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जी महासभा द्वारा होगा आयोजन प्रथम पूज्य के आशीष से हुआ रामलीला महोत्सव का शुभारंभ, श्रद्धालुओं ने उतारी आरती लुहार गली व्यापार समिति के वार्षिकोत्सव में आठ वरिष्ठ व्यापारी सम्मानित रामबारात के स्वागत को सजेगा शमशाबाद, गांधी चौराहे पर होगी भव्य सजावट रामलीला महोत्सव-2026 की कार्यकारिणी घोषित, प्रवीण बंसल को राम बारात और राहुल शर्मा को श्रृंगार की जिम्मेदारी

सूचना

Pragya News 24 is News Blog to Providing all over News of World.

श्रीमद्भागवत कथा : श्रीमद्भागवत कथा में कलियुग और भक्ति का संदेश, संस्कारों की याद दिलाई

Pragya News 24

Thu, Sep 17, 2026
Post views : 66

आगरा। तोता का ताल स्थित खेमेश्वर नाथ मंदिर में 16वें गणेश महोत्सव के उपलक्ष्य में 15 से 23 सितंबर तक आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का मंगलवार को शुभारंभ हुआ। कथा का आयोजन प्रतिदिन दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक किया जा रहा है। प्रथम दिवस कथा व्यास दीदी शिवांगी प्रिया जी (श्रीमद् वृंदावन) ने श्रीमद्भागवत के महात्म्य और कलियुग में भक्ति के प्रभाव का विस्तार से वर्णन किया। कथा श्रवण के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और भक्ति भाव में डूबकर कीर्तन किया।

बदलते पारिवारिक संबंधों पर कथा व्यास ने जताई चिंता
कथा व्यास दीदी शिवांगी प्रिया ने कहा कि कलियुग में परिस्थितियां इस प्रकार बदल रही हैं कि मानो उल्टी गंगा बह रही हो। जिन माता-पिता ने अपनी संतानों के पालन-पोषण और संस्कार के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया, कई परिवारों में वही संतान आज उनके प्रति उपेक्षा और अनुचित व्यवहार करती दिखाई देती है।

उन्होंने कहा कि ऐसे समय में श्रीमद्भागवत कथा मनुष्य को उसके संस्कारों, धर्म और कर्तव्यों का स्मरण कराती है। भगवान का नाम, सत्संग और भक्ति जीवन को सही दिशा देने के महत्वपूर्ण माध्यम हैं।

‘भागवत केवल कथा नहीं, जीवन को ईश्वर से जोड़ने का मार्ग’
दीदी शिवांगी प्रिया ने कहा कि श्रीमद्भागवत केवल धार्मिक कथा नहीं, बल्कि जीवन को समझने और उसे ईश्वर से जोड़ने का मार्ग है। कथा श्रवण से मनुष्य के भीतर भक्ति, सद्विचार और सकारात्मक भावों का संचार होता है।

कथा के दौरान भजन-कीर्तन हुआ और श्रद्धालु भक्तिरस में सराबोर नजर आए। आयोजकों के अनुसार कथा के दूसरे दिन राजा परीक्षित को श्राप लगने के प्रसंग का वर्णन किया जाएगा।

16 वर्षों से हो रहा गणेश महोत्सव का आयोजन
मंदिर के महंत पं. विद्यसागर तिवारी ने बताया कि खेमेश्वर नाथ मंदिर परिसर में पिछले 16 वर्षों से लगातार गणेश महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में इस वर्ष भी विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों के साथ श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया गया है। उन्होंने बताया कि महोत्सव के दौरान प्रतिदिन सुबह 10 बजे, शाम 6 बजे और रात 9 बजे आरती होगी। 24 सितंबर को सुबह 10 बजे हवन-प्रसादी तथा दोपहर 2 बजे भंडारे का आयोजन किया जाएगा। वहीं 25 सितंबर को गणेश प्रतिमा का विसर्जन किया जाएगा।

ये रहे उपस्थित
इस अवसर पर सोनू माहौर, किशोर सैनी, नंदलाल छत्तानी, मीनू सैन, वीरू सैनी, रवि माहौर, योगेश कुमार, शंकर सिंह, भूप सिंह, राकेश महाजन, गोपाल अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं आयोजन समिति के सदस्य उपस्थित रहे।

Tags :

Agra News

Pragya News

Uttar Pradesh News

UP News

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन