: साध्वी−संत सेवा और महाप्रसादी संग पंचदशम दिव्य छप्पन भाेग का भव्य समापन
Sat, Dec 14, 2024
श्रीराधारानी सेवा मंडल ने गोवर्धन में किया पंचदशम दिव्य छप्पन भाेग उत्सव का आयोजन
110 साध्वियों को प्रदान किया एक माह का राशन, दैनिक आवश्यकता का सामान
आगरा। ब्रजधाम का हर कण स्वयं में श्रीकृष्ण और राधारानी के अंश हैं। ब्रजधाम के साधु संत और साध्वी भक्ति भाव का साक्षात और आदर्श उदाहरण हैं। इनकी सेवा प्रभु सेवा का ही रूप है। इसी विचार का अनुसरण करते हुए श्री राधा रानी सेवा मंडल ने दानघाटी, गोवर्धन में समापन किया दो दिवसीय भव्य छप्पन भोग उत्सव का।
शनिवार को श्रीराधारानी सेवा मंडल द्वारा आयोजित 15 वें दिव्य छप्पन भाेग, फूल बंगला, भजन संध्या एवं प्रसादी उत्सव का समापन साध्वी, संत सेवा एवं महाप्रसादी के साथ हुआ। गोवर्धन धाम, दान घाटी मंदिर के निकट स्थित श्रीलक्ष्मी नारायण मंदिर में हुए उत्सव के द्वितीय दिवस 110 साध्वियों को एक माह का राशन, दैनिक आवश्यकता की वस्तुएं एवं गर्म कपड़े संस्था के सदस्यों ने प्रदान किये। इसके बाद साधु− संत भाेजन प्रसादी के साथ महाप्रसादी का वितरण हुआ। हजारों की संख्या में गोवर्धन धाम पधारने वाले भक्तों ने सुस्वाद भोजन प्रसादी का आनंद लिया। अगले वर्ष आयोजन को और अधिक भव्यता प्रदान करने का सभी ने गोवर्धन धाम में संकल्प लिया।
इस अवसर पर संरक्षक गोविंद शरण गर्ग, संतोष मित्तल, विवेक वार्ष्णेय, अविनाश राणा, पवन गुप्ता, राहुल गर्ग, हरिओम सिंघल, पूर्व पार्षद दीपक ढल, नितिन अग्रवाल, प्रमोद मांगलिक, संजीव अग्रवाल, सुनील गुप्ता, लवी गोयल, रोहित त्यागी, लक्ष्मीकांत वर्मा, राकेश अग्रवाल, प्रमोद सक्सेना, रचित गोयल, राकेश माहेश्वरी, दर्श, युवराज, केशव, तेजस, सचिन आदि उपस्थित रहे।
: अन्य के हजारों पक्षधर, हिन्दुओं की बात को दबाया जा रहा - देवकीनन्दन ठाकुर
Sat, Dec 14, 2024
• कथा में छठे दिन गोवर्धन लीला, महाराज श्रीकृष्ण रुक्मणी विवाह का किया वर्णन
बाह। आजाद भारत में सनातन बोर्ड की मांग करनी पड़ रही है। अपना अधिकार मांगना पड़ रहा है। हिंदुओं के हित की बात को दबाया जा रहा है। वही वोटों की राजनीतिक के कारण अन्य धर्म की बात करने के लिए हजारों पक्षकार आ जाते है। संत महात्मा को धर्म बचाने पर टारगेट किया जाता है। हमारे भगवान को काल्पनिक और सनातन को एचआईवी कह दिया जाता है। इसलिए सनातनियों आज जागो, अभी जागो कल की प्रतीक्षा मत करो। सभी सनातनियों ने साथ दिया तो भारत में सनातन बोर्ड भी बनेगा और भारत हिंदू राष्ट्र भी बनेगा। आचार्य देवकी नन्दन ठाकुर ने यह बात आज श्रीमद्भागवत कथा में छठे दिन कही।
देश में बाहरी आक्रांता देश के लोगों के सहयोग से ही आए थे। वहीं उन्हे सनातनियों की भावनाओं का पता चल गया था कि हिन्दू गाय को माता मानते है। जिस पर वह गऊ माता को आगे करके चलते थे। मुगलो न कई युद्धों में गाय माता को आगे रखा। क्योंकि सनातनी राजा और सैनिक गाय माता पर शस्त्र नही चलाते थे और वह छिपकर प्रहार करते थे। जिसके कारण वह जीते, लेकिन हमारे धार्मिक राजाओं ने प्राण और राज्य देना स्वीकार किया, परन्तु कभी गऊ माता पर हाथ और शस्त्र नही उठाए। आज गाय माता कितनी दुःखी है। यह वाक्य शुक्रवार को आचार्य देवकी नंदन ठाकुर ने बाह में आयोजित छठवे दिन भागवत कथा में भक्तो से कहे।
भागवत कथा में कथा में आचार्य देवकी नंदन ने भगवान कृष्ण के बाल्यकाल का वर्णन करते हुए बताया कि भगवान ने ब्रजवासियों की रक्षा के लिए सात दिन सात रात तक अपनी कनिष्ठ अंगुली पर विशाल गिर्राज पर्वत उठा लिया था। इन्द्र ने घनघोर वर्षा की, लेकिन वर्षा ब्रज के ऊपर कोई कष्ट नहीं पहुंची सकी। देवराज इन्द्र आश्चर्य मे रहे कि यह कैसे संभव है। जिस पर वह गुरु की शरण में गए। उन्होंने बताया वह ब्रह्म है। तुम्हारा कष्ट दूर करने पृथ्वी पर आए है।
जब भगवान भ्रम को तोड़ते है, तो ब्रह्मा, संशय का निवारण करते है तो शंकर और विषयो से जब दूर कर देते है तो विष्णु हो जाते है। इसलिए जीवन में गुरु से मंत्र लेकर गुरुमंत्र का जाप करना चाहिए। जीवन में सलाहकार अच्छे है, तो परिणाम भी अच्छे आएंगे और अगर सलाहकार गलत है तो परिणाम गलत आएंगे। शास्त्रों में संगत के बारे में कहा गया है कि संगत, अच्छी होनी चाहिए, बिना अच्छी संगत के जीवन अच्छा नही हो सकता। माथे पर तिलक, गले में तुलसी की माला, हाथ में कलावा, मुख मे भगवान का नाम परमात्मा की नजरों मे सबसे अच्छा बनाते हैं। आज की कथा में मुख्य रूप से चिराग उपाध्याय मंजू भदोरिया जिला पंचायत अध्यक्ष मनोज कुमार जी राष्ट्रीय बजरंग दल केशव दीक्षित, संघ के विभाग विचारक आनन्द जी, अरुण चतुर्वेदी, पवन चतुर्वेदी, दीपक शर्मा, कृपाशंकर दीक्षित, अनुपम मिश्रा, वीरेन्द्र चतुर्वेदी, हिमांशु, अमृतांश, ओम, सूर्यांश अवधेष, राजेश, नरेश, हरिओम, पंकज, पवन, राघव आदि उपस्थित थे।
14 को निकलेगी सनातन यात्रा
14 दिसम्बर को कथा विश्राम के उपरान्त शाम 4.30 बजे सनातन यात्रा निकाली जाएगी। यात्रा कथा से प्रारम्भ होकर सम्पूर्ण क्षेत्र में भ्रमण करेगी। सभी राजनीतिक दल और संस्थाओं से महाराज देवकी नन्दन ठाकुर जी ने अपील की है यह भारी-बड़ी से भारी संख्या में इसमें सम्मिलित होकर बांग्लादेशियों के समर्थन में साथ दें।
: सज गए मंगल कलश, हाथों में रची मेहंदी, कलश यात्रा आज
Sat, Dec 14, 2024
आगरा। कल भव्य कलश यात्रा के लिए आज मंगल कलश सजाए। भक्ति भाव के साथ हाथों में राम नाम की मेहंदी रचाई। 15 दिसम्बर से सीता धाम (कोठी मीना बाजार) में प्रारम्भ होने जा रही श्रीराम कथा के तहत आज कथा स्थल पर मेहंदी उत्सव व कलश सज्जा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें भक्तों ने उत्साह और उमंग के साथ भाग लिया। 15 से 22 दिसम्बर तक प्रतिदिन संतश्री विजय कौशल जी महाराज के मुखारबिन्द से श्रीराम कथा की रसधारा बहेगी। 14 दिसम्बर को सुबह 9 बजे जयपुर हाउस स्थित चिन्ताहरण मंदिर से बैंड बाजों संग भव्य कलश यात्रा का आयोजन किया जाएगा।
मेहंदी उत्सव में श्याम नाम की मेहंदी लगाकर घूंघट में शर्माऊंगी…, हाथों में मेहंदी लगी सांवरे…, सावली सूरतिया पे बड़ो इतरावे…, चित्रकूट के घाट-घाट पर शबरी देखे बाट…, जैसे भजनों की भक्ति में हर भक्त डूबा था। मैं होली खेलन आई रे तुम कहां छुपे हो कान्हा… जैसे भजनों में भक्ति के साथ होली के रंग भी शामिल थे। सभी मंगल कलश श्रीफल, पुष्प, पीत वस्त्र व हल्दी की गांठ डालकर सजाए गए। भक्तिमय गीतों पर महिलाओं ने नृत्य भी किया।
इस अवसर पर मुख्य रूप से रेखा अग्रवाल, निकिता अग्रवाल, मधु, उषा गोयल, सुनीता फतेहपुरिया, ज्योति, सिंघम, ऋतु मित्तल, नीलू अग्रवाल, रेखा वर्मा, वंदना अग्रवाल, खुशबू, मंगलमय परिवार के महामंत्री राकेश अग्रवाल, अध्यक्ष घनश्यामदास अग्रवाल, कोषाध्यक्ष महावीर मंगल, मुख्य यजमान सलिल गोयल, ओपी गोयल, प्रशांत मित्तल, पीके भाई, मयंक अग्रवाल, उमेश शर्मा, कृष्ण कुमार शर्मा, अशोक गर्ग, मुन्नालाल बंसल, विजय गोयल, निखिल गर्ग, सरजू बंसल आदि उपस्थित थे।